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1. किस हक से मांगू तुमसे वक्त, ना तुम मेरे हो न वक्त मेरा है।
2. कुछ लोगों को छोड़ना जरूरी हो जाता है ,अगर हम उन्हें ना छोड़ें तो वो हमे कहीं का नहीं छोड़ते।
3. ज्यादा अच्छा होना भी बेवकूफी है,पता नहीं चलता कि लोग कदर कर रहे हैं या इस्तेमाल।
4. कितने आराम से छोड़ दिया तूने बात करना,जैसे सदियों से तुम पर बोझ थे हम।
5. मुझे सबसे पहले रखो या न रखो ,मुझे जहां भी रखना वहां किसी और को मत रखना।
6. वो बात करने के लिए भी राजी नहीं ,और हम मिलने की हसरत लगाए बैठे हैं।
7. गांव बदलकर शहर हो रहे हैं ,और इंसान बदलकर जहर हो रहे हैं।
8. दिल से अपनाया न उसने , गैर भी समझा नहीं ,ये भी इक रिस्ता है, जिसमे कोई भी रिस्ता नहीं।
9. हर बात पे बहस करना फितरत नहीं मेरी ,मैंने खुद को गलत माना और बात ख़त्म कर दी।
10. पसंदीदा शख्स से कभी नफरत नहीं हो सकती ,चाहे वो कितनी भी तकलीफ दे दे।
11. उसका मन होता है तो बात हो जाती है ,वरना सुबह से शाम और शाम से सुबह हो जाती।
12. बदले बदले से हो , क्या बात हो गई ,हम बात करने लाइक नहीं, या किसी और से मुलाकात हो गई।
13. आँखों ने तुम्हे देखा था ,और दिल ने तुम्हें पसंद किया था , अब तुम्ही बताओ कि ऑंखें निकल दूँ या दिल।
14. बड़े बजुर्ग कहते हैं ,फसल रंग बदले तो काट दो , जब लोग रंग बदले तो उन्हें जिंदगी से छाँट दो।
15. चुभ जाती है बातें, कभी कभी लहजे मार जाते हैं ,ये जिंदगी है जनाब , यहां गैरों से नहीं, हम अपनों से हार जाते हैं।
16. अधूरा ही रहा मेरा हर सफर,कभी रास्ता खो गया, कभी हमसफ़र। जो भूल गए उसे भूल जाने दो , वो सब याद करेंगे थोड़े मतलब के दिन आने दो।
17. वक्त बदलता है जिंदगी के साथ,जिंदगी बदलती है वक्त के साथ, वक्त नहीं बदलता अपनों के साथ, पर अपने बदल जाते हैं वक्त के साथ।
18. शोर बहुत है मगर अब सुनाए नहीं देगा ,दर्द दिल का अब चेहरे पे दिखे नहीं देगा , तुझसे बनाने के लिए मैंने इतनी बिगड़ ली सबसे , अब तो मेरे हक़ में भी कोई गवाही नहीं देगा।
19. कभी तो मिल पहली मुलाकात की तरह ,क्यों बिगड़े रहते हो हालत की तरह , वो एक शख्स जो लगे जान से भी प्यारा , वक़्त तो देता है मगर खैरात की तरह।
20. नजर चाहती है दीदार करना ,दिल चाहता है प्यार करना , क्या हल बताऊं मैं अपना, नसीब में लिखा है सिर्फ इंतजार करना।
21. राहत भी अपनों से मिलती है ,और चाहत भी अपनों से मिलती है , इसलिए अपनों से कभी रूठना मत , क्योंकि मुस्कुराहट भी अपनों से मिलती है।
22. पागल कर देती है मोहब्बत ,हर मोहब्बत करने वाले को , क्योंकि इश्क हार नहीं मानता , और दिल बात नहीं मानता।
23. जितना सुधार दिया है खुद को मैंने ,उतना तो मैं खाब भी नहीं था , जिस बेरहमी से तोडा है जिंदगी तूने , उतना बड़ा तो मेरा खाब भी नहीं था।
24. मेरे जिंदगी के राज में एक राज तुम भी हो ,मेरी ख्वाइशों की आस में इक आस तुम भी हो , तुम क्या हो मेरे लिए , कुछ हो या कुछ भी नहीं , मगर मेरी जिंदगी के काश में , इक काश तुम भी हो।
मेरे हर ख़ामोश ख़्वाब की खामोशी तुम भी हो,मेरी उलझी हुई राहों की मंजिल तुम भी हो। मैं जो खुद को ढूँढती हूँ हर एक सवाल में, उस हर सवाल का सबसे हसीन जवाब तुम भी हो।
25. यदि शायरी से तेरा दिल जीता जा सकता,तो मैं हर लफ्ज में मोहब्बत की कहानी लिखता , तू पढ़ती मुस्कराती पिघल जाती मेरे लिए , मैं अपनी हर धड़कन को तेरे नाम लिखता।
26. किस्मत के खेल भी हजार हैं,जो मिल नहीं सकता उसी से प्यार है, एक को कोई फर्क नहीं पड़ता, और दूसरा जान देने को तैयार है।
27. कभी समय बदला तो बताएंगे,हमे क्या क्या बुरा लगा था , बाकि सब कुछ दिल में दबाके रखा हूँ अभी किसीसे कुछ भी नहीं कहना ।
28. इस दुनियां में सबसे बड़ी गलतफ़हमी क्या है ,किसी को अपना मानना और उस पर हक़ जताना , पर वो इंसान हमे हर बार, फालतू होने का एहसास दिलाता रहता है।
29. तकदीर ने जैसे चाहा वैसे ढल गए हम ,बहुत सम्भाकर चले , फिर भी फिसल गए हम , किसी ने भरोसा तोडा तो किसी ने दिल , और लोगों को लगता है बहुत बदल गए हम।
30. जिसे पैसा भी न खरीद सके,
मुझे वो किरदार पसंद है ,
खूबसूरत चेहरे तो बहुत देखे हैं,
लेकिन मुझे वफादार पसंद है।
31. किस्मत की बाजियों पर इख़्तेयार नहीं है ,सब कुछ है जिंदगी में मगर प्यार नहीं है , कोई था जिसे याद करके जी रहे हैं हम, आँखों में अब किसी का इंतजार नहीं है।
32. मिटाने से मिटते नहीं भाग्य के ये लेख ,कर्म अच्छे करता चल फिर ईश्वर की महिमा देख , दर्द न होता तो ख़ुशी की कीमत न होती , यदि मिल जाये सब कुछ चाहने से तो, दुनियां में ऊपर वाले की जरूरत न होती।
33. वक़्त के साथ सब बदल जाता है ,लोग भी और उनके वादे भी , इसलिए जब कोई बदल जाये, तो रोना मत बस ये समझ जाना , कि उनका किरदार तुम्हारी जिंदगी में इतना ही था।
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